अवैध कॉलोनीओ पर नगर परिषद की कार्यवाही, चार कॉलोनीयों को नोटिस जारी…
– भेरुन्दा में अवैध कॉलोनियों को वैध करने की प्रक्रिया विधानसभा चुनाव के बाद ठंडे बस्ते में चली गई थी। भेरूंदा नगर में अवैध कॉलोनी की बाढ़ सी आ गई, एक के बाद एक नई कॉलोनीया काटी जा रही। कॉलोनाइजरों लुभावने वादे कर, झूठे सपने दिखाकर लोगों की जिंदगी भर की पूंजी अवैध कॉलोनियों में खर्च कर रहे हैं। जिसको लेकर विगत दिनों प्रदेश के राजस्व मंत्री करण सिंह वर्मा ने अवैध कॉलोनियों पर अंकुश लगाने के निर्देश अधिकारियों को दिए थे।
इसी संदर्भ में एसडीएम मदन सिंह रघुवंशी, नगर परिषद सीएमओ प्रफुल्ल गठरे द्वारा अवैध कॉलोनी का निरीक्षण किया गया। जिस पर जानकारी देते हुए, भेरुन्दा एसडीएम ने बताया कि आज कॉलोनिओ का निरीक्षण किया गया और आज ही निरीक्षण के उपरांत लगभग चार कॉलोनाइजरों को नोटिस जारी किए गए हैं, और बाकी कॉलोनी पर भी जल्द ही कार्यवाही की जाएगी, वहीं पूर्व में भी कई कॉलोनाइजरों पर एफआईआर दर्ज कराई गई है।
जबकि सीहोर के साथ-साथ आष्टा, इछावर, भैरूंदा, रेहटी और बुदनी में भी कई अवैध कॉलोनियां हैं। सरकारी रिकार्ड में ही जिले में 161 कॉलोनियां अवैध हैं। इसके अलावा आए दिन कॉलोनाइजर नगर के आसपास खेतों में बिना अनुमति कॉलोनियां काटे जा रहे हैं।
वैध कॉलोनी के लिए यह है प्रक्रिया-
- किसी भी नई कॉलोनी के लिए कॉलोनाइजर को सबसे पहले टीएंडसीपी में प्रस्ताव देना होता है।
- प्रस्ताव के साथ कॉलोनाइजर लाइसेंस, नजूल एनओसी, खसरा, नक्शा पेश करने होते हैं।
- भूमि ग्रीन लैंड में नहीं होना चाहिए। मास्टर प्लान की आवासीय भूमि पर ही नई कॉलोनी की अनुमति मिलेगी।
- टीएंडसीपी से कॉलोनी का ले-आउट पास होने के बाद वह रेरा के पास अप्रूव होने के लिए जाता है।
- जो ले-आउट पास हुआ है उसके मुताबिक ही कॉलोनी बनेगी। उसमें किसी तरह का बदलाव नहीं होगा।
ग्रामीण क्षेत्रो की अवैध कालोनी पर होगी कार्यवाही-
जहाॅ जिले व नगरीय क्षेत्रो मे अवैध कॉलोनीओ पर कार्यवाही की जा रही है, ऐसे में ग्रामीण क्षेत्र मे काटी गई अवैध कालोनी पर भी होगी कार्यवाही इसको लेकर एसडीएम मदनसिंह रघुवंशी ने बताया कि नगर में जहा नगर परिषद द्वारा अवैध कॉलोनीओ पर कार्यवाही की जा रही है, तो वही ग्रामीण क्षेत्रो मे अवैध कालोनी पर ग्राम पंचायत द्वारा कार्यवाही की जाएगी। इसके लिए जल्द ही पंचायतो को निर्देशित किया जाएगा।
बिजली तक की व्यवस्था नहीं-
नगर सहित जिलेभर में खेती की जमीन पर तेजी से अवैध कॉलोनियां बन रही हैं। इन कॉलोनियों में न तो बिजली है और न ही पानी की व्यवस्था है। यहां तक कि नालियां और सड़कें भी नहीं हैं। क्योंकि ये अवैध हैं और सरकार की अनुमति के बिना बनी हैं। अवैध कॉलोनियों में टीएंडसीपी का अप्रूवल व डायवर्सन न होने से प्रॉपर्टी खरीदने पर लोन, बिजली, पानी और सड़क की सुविधा भी नहीं मिलती है।
Avaidh-Colony3अवैध कॉलोनियों के वैध होने का रास्ता बंद-
जिले की सभी 161 अवैध कॉलोनियों को वैध करने की प्रक्रिया विधानसभा चुनाव के पूर्व शुरू की गई थी। आर्किटेक्ट ने कॉलोनियों को ले-आउट भी तैयार किए थे, लेकिन विकास शुल्क किस दर से और किसमे कितना वसूल किया जाएगा। इसे लेकर अभी तक नई गाइड लाइन नहीं बन पाई। ऐसे में अवैध कॉलोनियों के वैध होने का रास्ता बंद हो गया। सीहोर में जहां 67 कॉलोनियों अवैध हैं, वहीं आष्टा में 19, भैरूंदा में 19, रेहटी में 19, बुदनी में 17 और इछावर में 16 कॉलोनियां अवैध हैं। यदि शहर की कॉलोनियां ही वैध हो जाती हैं तो कई हजार परिवारों को फायदा मिलेगा। अभी यह परिवार इन कालोनियों में रह रहे हैं, लेकिन वहां पर सुविधाओं के नाम पर कुछ नहीं है।
Avaidh-colony-2चार कॉलोनाइजरों को नोटिस दिया-

भैरूंदा CMO ने बताया कि चार कॉलोनाइजरों को नोटिस जारी किए हैं। नोटिस के जवाब आने पर स्थिति स्पष्ट होगी।
प्रफुल्ल गठरे, सीएमओ, नगर पालिका, भैरूंदा
जांच उपरांत होगी कार्यवाही-

आज हमारे द्वारा निरीक्षण किया गया है, वहीं पूर्व में भी कई कॉलोनाइजरों पर एफआईआर दर्ज कराई गई थी, अभी अवैध कॉलोनी का निरीक्षण किया गया, ओर जांच उपरांत कार्यवाही की जाएगी।
मदनसिंह रघुवंशी,
एसडीएम, भेरूंदा





