भैरुंदा- मध्यप्रदेश में मूंग की खरीदी नहीं होने से प्रदेशभर में किसानों मे आक्रोश नजर आ रहा है। किसान का कह रहे हैं कि उन्होंने मेहनत से खेती कर पैदावर ली है, लेकिन मूंग की खरीदी को लेकर कोई निर्णय नही होने से उन्हें नुकसान का सामना करना पड़ सकता है।
बता दे कि अभी तक शासन द्वारा मूंग खरीदी को लेकर कोई निर्देश जारी नही किए गए है। मानसून की हो रही जल्द दस्तक भी किसानों को सताने लगी है।
गौरतलब है कि ग्रीष्मकालीन सीजन में किसानो द्वारा मूंग की बुवाई की जाती है। और किसान इस फ़सल को बारिश से पहले काट लेते है। मेहनत कर किसानों ने मूंग की पैदावर ली, लेकिन अब वह फसल पककर पूर्ण रूप से तैयार है पर शासन द्वारा अभी तक मूंग खरीदी को लेकर निर्देश नही दिए है, इसका नतीजा यह सामने आ रहा है कि किसान चिंतित है, और माथे पर मानसून और पक कर तैयार फसल चिंता साफ देखी जा रही है।
केंद्रीय कृषि मंत्री से किया सवाल, नही दिया जबाव –
भैरुंदा में विकसित भारत संकल्प यात्रा के कार्यक्रम के दौरान जब मीडिया द्वारा केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराजसिंह चौहान से मूंग खरीदी के विषय पर सवाल किया गया, तो वह कोई जबाव ना देते हुए, चले गए। केंद्रीय मंत्री के जवाब से यह स्पष्ट हो रहा है कि मूंग खरीदी पर सरकार का कोई ध्यान नही है, किसान मेहनत करे, और कब तक इंतजार कर बैठा रहे या फिर व्यापरियों को औने-पौने दामो में फसल बेचने को मजबूर होना पड़े। एक तरफ तो केंद्रीय मंत्री शिवराजसिंह चौहान किसान हितेषी बताते है और आज उन्हें किसानों का यह दर्द नजर नही आ रहा है।
खेती को लाभ का धंधा बताने वाली सो रही सरकार – किसान
किसानों का कहना है कि एक तरफ तो भाजपा सरकार खेती को लाभ का धंधा बताती है। जबकि मेहनत कर फसल तैयार हो जाने के बाद भी किसानों को खरीदी का इंताजर करना पड़ रहा है। अब अधिकांश किसानों की मूंग की फसल पक कर तैयार हो चुकी है, लेकिन सरकार द्वारा खरीदी को लेकर कोई निर्देश जारी नही किए है। इस वर्ष मानसून की दस्तक भी जल्दी नजर आ रही है और यह मानसून भी किसानों को मुसीबत में डाल रहा है।
