– अमित शर्मा, लाड़कुई/भेरुंदा
थाना भेरुंदा मे 02 दिन पूर्व हुए सनसनी खेज गोलीकांड हत्या के मामले की सूचना प्राप्त होने उपरांत सीहोर पुलिस अधीक्षक मयंक अवस्थी द्वारा अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक गीतेश गर्ग व एसडीओपी दीपक कपूर के मार्गदर्शन में थाना प्रभारी घनश्याम दांगी भेरुन्दा को तत्काल कार्यवाही के निर्देश दिये। तत्पश्चात थाना प्रभारी टीम सहित सीएसची भैरुंदा पहुंचे जहां फरियादिया ललिता कीर निवासी नारायण सिटी भैरुंदा रिपोर्ट किया कि मेरी छोटी बेटी आरती का पिछले दो वर्षो से प्रभु सिंह दायमा पिता धनराज दायमा निवासी मट्ठा गांव रेहटी का बुरी नीयत से पीछा कर रहा है एंव काँल करके परेशान कर रहा है। जिससे परेशान होकर उसकी थाना भैरूंदा में प्रभुसिंह दायमा की रिपोर्ट की थी जो केस भैरूंदा न्यायालय में चल रहा है, दिनांक 14 जुलाई 2024 के रात्रि करीब 08.00 बजे मैं व मेरे तीनों बच्चे घर में ही थे व मेरे पति बाजार गए हुए थे। घर का गेट खुला हुआ था तभी प्रभु सिंह दायमा हाथ मे पिस्तोल लेकर हमारे घर में घुस आया व सीधे मां बहन की गन्दी-गन्दी गालियां देकर मेरी छोटी बेटी आरती से कहा कि तुझे तो मैं बताता हूं तुझे मैं यही जान से मार दूंगा। यह कहते हुए उसनें हाथ मे रखी पिस्तोल से आरती को जान से मारने के लिए 04 राउण्ड़ गोली के फायर किए, जो आरती को 02 गोली व एक गोली मुझे सिर पर लगी। गोली लगने से बेटी के शरीर से खून निकलनें लगा और वह वही नीचे गिर गयी। उसके बाद वह सीधे छत की ओर गया और वहां से नीचे कूद कर भाग गया। तब मेरे बच्चो ने मेरे पति को फोन लगाया मेरा पति घर पर आये, वहां आस पडोस के लोग भी आ गए थे जिन्होने हमारी मदद की व हमे लेकर अस्पताल आए। जहां मेरा ईलाज चल रहा है। ईलाज के दौरान मेरी बेटी आरती उम्र 18 वर्ष की मृत्यु हो गयी है। प्रभु दायमा मेरे घर में पिस्तोल लेकर घुस गया और जान से मारने की नीयत से मुझे व मेरी बेटी को गोली मारी जिससे मेरी बेटी की मृत्यु हो गयी है जिसकी रिपोर्ट पर अपराध क्रमांक 343/24 धारा 103(1), 109, 331(2), 296, बीएनएस का पंजीबध्द कर विवेचना में लिया गया।
की गयी कार्यवाही– अपराध पंजीयन के पश्चात घटना की गंभीरता को देखते हुऐ सीहोर पुलिस अधीक्षक मयंक अवस्थी जी के द्वारा आरोपी की गिरफ्तारी हेतु निर्देश दिया, जिस पर थाना प्रभारी भैरुंदा निरीक्षक घनश्याम दांगी व एफएसएल टीम द्वारा मौके पर घटना स्थल पहुंच कर घटनास्थल का मुआयना किया गया, बाद एफएसएल टीम द्वारा मौके से गोली के खोखे, ब्लड आदि जप्त कर वीडियो व फोटोग्राफी कर घटना स्थल को सील किया। थाना प्रभारी धनश्याम दांगी द्वारा तत्काल कार्यवाही करते हुए आरोपी की तलाश हेतु गठित 04 टीमें रवाना की गई। पुलिस के अथक प्रयास से आरोपी प्रभु दायमा को घेराबंदी कर दिनाँक 17 जुलाई 2024 को सतराना पुलिया के पास मय पिस्तौल के गिरफ्तार कर माननीय न्यायालय भैरुंदा पेश किया जाता है।
घटना का उद्देश्य – आरोपी प्रभु दायमा मृतिका से एक तरफा प्यार करता था, जबकि मृतिका व आरोपी का आपस में रिश्तेदार है। जिसके कारण मृतिका यह रिश्ता नहीं चाहती थी, इसी से तंग आकर मृतिका आरती ने आरोपी के विरुद्ध थाना भैरुंदा में छेङखानी की रिपोर्ट की थी। जिस कारण आरोपी मृतिका व उसके परिवार से नाराज था, लङकी के मना करने के बाद भी उससे बात करना चाहता था। जिस हेतु उसने दिनाँक 14 जुलाई 2024 को मौका पाकर आरोपी मृतिका के घर में घुस गया और मृतिका आरती व उसकी मां को मारने के पिस्तौल से 04 राउण्ड गोली के फायर किए, जिससे 02 गोली मृतिका आरती व एक गोली मां को सिर में लगी।
जप्त किया गया मश्रुका का विवरणः- आरोपी से एक देशी पिस्तौल एवं 01 जिंदा राउंड जप्त किए हैं ।
सराहनीय योगदान – उक्त कार्यवाही में थाना प्रभारी नसरुल्लागंज निरीक्षक धनश्याम दांगी, उनि श्यामकुमार सूर्यवंशी, उनि पूजा सिंह राजपूत, सउनि विजय यादव (थाना गोपालपुर), प्रआऱ. दिनेश जाट, प्रआर. राजेन्द्र चंद्रवंशी, प्रआर. भुवनेश्वर प्रसाद, प्रआऱ. रामशंकर परते, प्रआर.283 धर्मेन्द्र सिहं गुर्जर, आर. योगेश कटारे, आर. पुष्पेन्द्र जाट, आर. राजीव मरापो, आर. दीपक जाटव, आर. विनोद सोलंकी, आर. आन्नद गुर्जर, मआर. वैशाली तिवारी, महिला सैनिक रामसुखी बाई का सराहनीय काम रहा है। पुलिस अधीक्षक सीहोर द्वारा नगद पुरस्कृत करने की घोषणा की गई है।
