दिए गए आश्वासन के बाद भी, नहीं की कार्यवाही…
अमित शर्मा, लाड़कुई/भैरूंदा
भैरूदा– बुदनी विधानसभा के भैरूंदा में अधिकारियों के अंदेखी के चलते कार्यालय में गंदगी पसरी नजर आ रही, जहां मोदी जी का सपना स्वच्छ भारत अभियान के तहत लाखों- करोड़ों पर खर्च कर साफ सफाई की जाती है। लेकिन वही कई कार्यालय ऐसे हैं, जहां गंदगी देखी गई। जिसको लेकर वरिष्ठ कार्यालय को अवगत भी कराया, तो वही जनपद सीईओ को भी कई बार कहने के बावजूद भी कार्यालय में सफाई देखने को नहीं मिल रही है। जिसमें पंचायतो के लापरवाही अधिक देखी जा रही है, वही कुछ पंचायतो में जाकर देखा तो कार्यालय में धूल जमी हुई नजर आई, जिससे लगता है कि कई दिनों से कार्यालय में कोई पहुंचा ही नहीं।

ऐसा ही एक मामला ग्राम पंचायत बसंतपुर से सामने आया जहां ग्राम पंचायत भवन मे गन्दगी देखने को मिली, तो वही पंचायत भवन मे रखे फर्नीचर पर भी धूल जमी नजर आई जिससे यह प्रतीत हो रहा था कि कई दिनो से यह कोई पहुंचा ही नही, वही हद तो तब हो गई जब किसी कार्यक्रम के दौरान महात्मा गांधी की प्रतिमा पर पुष्प माला अर्पित की गई है, और पुष्प माला वही छोड़ दी, जिसके साथ ही इस टेबल पर एक झाड़ू राखी देखी गई, जो कहीं ना कहीं पंचायत कर्मी की लापरवाही को दर्शाता है।

जहां कार्यालय में गंदगी पसली नजर आ रही है, तो वही ग्राम लाड़कुई में नल-जल व्यवस्था भी सुचारू रूप से नहीं चलाई जा रही, वही नालों से पर्याप्त पानी नही मिल रहा है, जिसको लेकर पीएम श्री स्कूल की छात्राओं ने अपनी शिकायत दर्ज कराई है, वही छात्र-छात्राओ को बोर किए नल से पानी मिल रहा है, उसमें गंदगी देखी गई, वही विगत दिनों इस गंदे पानी को लेकर वरिष्ठ कार्यालय को अवगत भी कराया गया। पेयजल व्यवस्था को दुरुस्त करने हेतु कई बार प्राचार्य द्वारा अपनी शिकायत दर्ज कराते हुए, वरिष्ठ कार्यालय को अवगत कराने के बाद भी इस और अधिकारियो द्वारा कोई ध्यान नहीं दिया जा रहा है, जहां शाला में पर्याप्त पिये जल व्यवस्था नहीं हो पा रही है, तो वही इसको लेकर नल जल योजना के अधिकारियों से बात की गई तो उन्होंने एस्टीमेट तैयार कर राशि सैंक्शन होने की बात की गई, इसको लेकर कई बार शाला प्राचार्य द्वारा नल-जल योजना के अधिकारी व वरिष्ठ कार्यालय को अवगत करने के बाद भी अभी तक व्यवस्थाओं को दुरुस्त नहीं किया गया। जिसको लेकर कहीं ना कहीं बच्चों को नलकूप का पानी गंदा पानी पीने को मजबूर होना पड़ रहा है।
